Anuj Abr

झूठा कोई ख़्वाब दिखाया जाएगा
जुगनू को सूरज बतलाया जाएगा

मंदिर-मस्जिद को लड़वाया जाएगा
मुद्दे से हमको भटकाया जाएगा

पैरों में डाली जाएँगी ज़ंजीरें
हाथों से रस्ता नपवाया जाएगा

काट लिए जाएँगे पर मासूमों के
फिर उनको आकाश दिखाया जाएगा

भेद खुलेगा तब ठाकुर की रहमत का
जब बुधुवा से खेत लिखाया जाएगा

बीन बजाई जाएगी इस कोने पर
उस कोने पर साँप दिखाया जाएगा

'अब्र'तुम्हारी बातें देश-विरोधी हैं
मुझपर ये इल्ज़ाम लगाया जाएगा
Anuj Abr

Anuj Abr | We The Sukhanwar