रफ़्ता-रफ़्ता चलना सीखो, हर मंज़िल मिल जाएगी।
मरना क्या है जीना सीखो, सब मुश्किल टल जाएगी।
मसला सारा भूख का है तो, मेहनत करके पेट भरो,
ख़ुद्दारी से जीना सीखो, मुस्कानें खिल जाएँगी।
तन्हाई में रहने भर से, क्या ग़म कम हो जाता है?
मेले में त्योहार मनाओ, तन्हाई जल जाएगी।
ABHISHEK SONI