देवेश त्रिपाठी

तीन रंगों से सजा है ये तिरंगा
एक डोरी से बँधा है ये तिरंगा
ख़ून से सींचा गया जब भारती को
तब कहीं लहरा रहा है ये तिरंगा
देवेश त्रिपाठी

देवेश त्रिपाठी | We The Sukhanwar