Kanupriya

आख़िर सब बह जाएगा तुग़्यानी से
देख रही है आँख मगर हैरानी से

वक़्त नहीं कटता हो जब आसानी से
वीराने की बात करो वीरानी से

उसे टूटते देखा हमने तब जाना
आईना भी डरता है उर्यानी से

बेजा तम्हीदों से तो आज़ाद रखो
इश्क़ की हस्ती को फ़ानी ला-फ़ानी से

ख़ामोशी को पढ़ना मुश्किल नईं होता
मुश्किल होती है ऐसी आसानी से

मरना, पैदा होना, जीना, मर जाना
राम बचाएँ ऐसी राम कहानी से

इक रानी ने राजा का वनवास जिया
इक राजा ने वचन निभाया रानी से
Kanupriya

Kanupriya | We The Sukhanwar